Monday, March 16, 2020

कौन सुनेगा अर्ज सभी के?

दर्द   सभी  के,  मर्ज  सभी  के
होते   अक्सर   दर्ज   सभी  के

यूँ  तो  मिहनत  सब करते पर
क्यों सर  पे  है  कर्ज  सभी के

जब    सरकारें    बैंक   लूटती
कौन   सुनेगा   अर्ज  सभी  के

इक  गलती  दिल्ली  से  होती
कितने   होते   हर्ज   सभी  के

जो  सवाल  शासक  से करते
उसमें  शामिल  गर्ज  सभी के

समाचार,   सरकारी  -  भाषा 
मिलते  कितने  तर्ज  सभी के

सभी सुमन को क्यों समझाते
देखो  मत  क्या फर्ज सभी के

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